स्रोत: पत्र सूचना कार्यालय (PIB), भारत सरकार — प्रधानमंत्री कार्यालय · PIB Delhi · मूल विज्ञप्ति pib.gov.in पर पढ़ें
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज एक संस्कृत सुभाषितम् साझा किया है, जिसमें निजी सुख का त्याग कर स्वराज्य की साधना में समर्पित लोगों के नि:स्वार्थ भाव और समर्पण को दर्शाया गया है।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा;
“भस्मीकृतस्वार्थसौख्यपरिचर्चितविग्रहाः।
स्वराज्ययोगनिर्मग्ना धन्यास्ते वीरयोगिनः॥”
जिन्होंने अपने निजी सुख-सुविधाओं का त्याग कर अपना संपूर्ण जीवन स्वराज्य की साधना में समर्पित कर दिया है, वही वीर साधक वास्तव में राष्ट्र के लिए धन्य माने जाते हैं।
भस्मीकृतस्वार्थसौख्यपरिचर्चितविग्रहाः। स्वराज्ययोगनिर्मग्ना धन्यास्ते वीरयोगिनः॥ https://t.co/l8p6WVHaHk
— Narendra Modi (@narendramodi) October 8, 2026
पीके/केसी/आरटी/बीयू/वाईबी
यह पत्र सूचना कार्यालय (PIB) द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति है, जिसे बिना बदलाव के प्रकाशित किया गया है।
