स्रोत: प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी), भारत सरकार — शिक्षा मंत्रालय · पीआईबी दिल्ली · मूल विज्ञप्ति pib.gov.in पर पढ़ें
- योग्य छात्रों को प्रति वर्ष ₹12,000 की छात्रवृत्ति मिलेगी
केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के लिए राष्ट्रीय साधन-सह-मेरिट छात्रवृत्ति योजना (एनएमएमएसएस) के तहत आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। 31 अक्टूबर 2026. यह विस्तार पात्र छात्रों को राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (एनएसपी) पर अपने आवेदन पूरा करने के लिए अतिरिक्त समय प्रदान करेगा और संबंधित अधिकारियों द्वारा समय पर सत्यापन की सुविधा प्रदान करेगा।
संशोधित कार्यक्रम इस प्रकार है
प्रक्रिया | अंतिम तिथि |
आवेदन जमा करना | 31 अक्टूबर 2026 |
संस्थान नोडल अधिकारी (एल1) सत्यापन | 15 नवंबर 2026 |
जिला नोडल अधिकारी (एल2) सत्यापन | 30 नवंबर 2026 |
राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (एनएसपी) 1 जून, 2026 से छात्र आवेदनों के लिए खुला है। छात्रों को छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करने से पहले पोर्टल पर अपना एकमुश्त पंजीकरण (ओटीआर) पूरा करना आवश्यक है। 30 सितंबर, 2026 तक 88,522 नए और 1,97,133 नवीनीकरण आवेदन जमा किए गए थे।
जिन छात्रों ने पहले ही अपने आवेदन जमा कर दिए हैं, उन्हें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि आवेदन संबंधित संस्थान के नोडल अधिकारी (एल1) द्वारा 15 नवंबर तक और जिला नोडल अधिकारी (एल2) द्वारा 30 नवंबर, 2026 तक सत्यापित कर लिए जाएं।
एनएमएमएसएस का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के मेधावी छात्रों का समर्थन करना और उन्हें आठवीं कक्षा से बारहवीं कक्षा तक अपनी शिक्षा जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करना है।
यह योजना संबंधित राज्य/केंद्रशासित प्रदेश सरकारों द्वारा आयोजित चयन परीक्षा में उत्तीर्ण होने वाले पात्र नौवीं कक्षा के छात्रों को हर साल एक लाख नई छात्रवृत्ति प्रदान करती है। निर्धारित शैक्षणिक आवश्यकताओं के अधीन, छात्रवृत्ति को बाद में नवीनीकरण के माध्यम से कक्षा X से XII तक जारी रखा जाता है।
राज्य सरकार, सरकारी सहायता प्राप्त और स्थानीय निकाय स्कूलों में पढ़ने वाले योग्य छात्रों को प्रति वर्ष ₹12,000 मिलते हैं, जो डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके बैंक खातों में स्थानांतरित किए जाते हैं।
चयन परीक्षा में उपस्थित होने के लिए, छात्रों को कक्षा सातवीं में कम से कम 55 प्रतिशत अंक या समकक्ष ग्रेड प्राप्त करना होगा, एससी/एसटी छात्रों के लिए 5 प्रतिशत अंक की छूट होगी। आवेदक की पैतृक आय ₹3.50 लाख प्रति वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए।
यह प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी) द्वारा जारी एक आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति है, जिसे जारी किए गए रूप में पुन: प्रस्तुत किया गया है।
